परमौदारिक शरीर!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] परमौदारिक शरीर:Body of Lord Arihant with absolute purity.अहंत परमात्मा का शरीर जिसमें निगोदिया जीव नहीं रहते ,धातु उपधातु सब शुद्व हो जाती है।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] परमौदारिक शरीर:Body of Lord Arihant with absolute purity.अहंत परमात्मा का शरीर जिसमें निगोदिया जीव नहीं रहते ,धातु उपधातु सब शुद्व हो जाती है।
[[श्रेणी : शब्दकोष]] वीरसेन –Virasena Name of a great Jain Acharya, the writer of commentary on great treatises (Shatkhandagam and Kashaypahud) पंचस्तूप संघ के आर्यनदी के शिष्य और जिनसेन के गुरु “आपने षटखण्डागम तथा कषायपाहुड सिध्दांत ग्रंथो पर धवला व जयधवला नाम की विस्तृत टिकायें लिखीं “
एकचर्या A vow for saints, solitary walking. मुनियों का एक व्रत, एकाकी विहार करना।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सामर्थ्य – Saamarthya. Capability, competence, capacity. शक्ति, बल (जीव में मोक्ष को प्राप्त करने की सामर्थ्य है) ।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रश्मिकलाप – एक हार, यह 54 लडियों का होता है। Rasmikalpa- A kind of wreath with 54 strings
[[श्रेणी:शब्दकोष]] साधु प्रासुक परित्यागता – Saadhu Praasuka Pariytaagataa. A great & meaningful renouncement(reg. perception, knowledge & faith) done by Jaina saints. दया बुद्धि से साधुओं के द्वाराकिये जाने वाले दर्शन, ज्ञान व चारित्र के परित्याग या दान का नाम प्रासुक परित्यागता है। षट्खंडागम के अनुसार 16 कारण भावनाओं में यह एक भावना ।
ऋषभजयन्ती व्रत Vow of the birthday celebration of Jaina-Lord Rishabhadev. भगवान आदिनाथ की जयन्ती चैत्र कृष्ण 9 को उपवास व पूजन।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]] परमार्थ प्रत्यक्ष: Direct non-sensory perception, direct intuition.प्रत्यक्ष प्रमाण का एक भेद, जो बिना किसी की सहायता से पदार्थ को स्पष्ट जानता है।
तीव्र कायाभिनिवेश Intense sex desire. काम क्रिया के प्रति तीव्र इचदा होना। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]