बोध!
[[श्रेणी : शब्दकोष]] बोध – Bodha. Comprehension. ज्ञान “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भावप्रतिक्रमण – Bhavapratikramana. Internal atonement, internal penitence. आर्त, रौद्र इत्यादिक अशुभ परिणाम व पुण्यास्त्रव के कारणभूत शुभ परिणाम का त्याग करना ” यह प्रतिकर्मण वीतरागी मुनियों के होता है “
[[श्रेणी :शब्दकोष]] मिश्र वैक्रियिक काययोग–Mishra Vaekriyika Kayayoga. A kind of Karmic body form. उत्त्पत्ति समय से लेकर अन्तमुहूर्त पर्यत कार्मण शरीर की सहायता से वैक्रियिक शरीर की वर्गणाओद्वारा जो योग होता है”
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विशालनयन – Vishalanayana. Name of the 4th Rudra among all 11. ११ रुद्रों में चौथा रूद्र अपरनाम वैश्वानर ” इसकी ऊंचाई ९० धनुष एवं आयु एक लाख पूर्व की थी “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भाव विवेक – Bhava Viveka. Wisdom for the disattachment in worldly affairs. विवेक का एक भेद; समस्त पर पदार्थों से ममत्व का त्याग करना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] विन्ध्य पर्वत – Vindhya Parvata.: Name of a mountain, one of the mountains at Shravanbelagola (a place of pilgrimage). श्रवणबेलगोल(कर्नाटक) के दो पर्वत में दूसरा पर्वत विन्ध्यगिरि ” जहाँ भगवान बाहुबली की 57 फुट ऊँची उन्त्तुग प्रतिमा विराजमान है “
एकेन्द्रिय जाति नामकर्म A karmic nature causing one sensed beings. जिस कर्म में उदय से एकेन्द्रिय जाति में जन्म मिलता है।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]] पर क्षेत्र : Alien space points(reg. matters).द्रव्य विशेष के प्रदेश की अपेक्षा अन्य द्रव्यों के प्रदेश उसके परक्षेत्र कहलाते है।
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भानुकण – Bhanukana. A king of Rakshas dynasty. राक्षस वंश का एक विधाधर राजा ” रावण का भाई, अपरनाम – कुंभकर्ण, इन्होंने दीक्षा धारण कर बडवानी (बावनगजा, म.प्र.) से मोक्ष प्राप्त किया “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] वारुणी –Vaarunii.: Name of a super power,Name of a city in the north of Vijayardh mountain. एक विद्या ,विजयार्ध पर्वत के उत्तरश्रेणी की एक नगरी “