प्रत्याख्यानी भाषा!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रत्याख्यानी भाषा- किसी वस्तु का परित्याग करने की सूचक भाषा – जैसे “मै अनछना पानी छोड़ता हूँ” आदि बोलना। pratyakhyani bhasa- pronunciation or renunciation with instructions, language of determination.
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रत्याख्यानी भाषा- किसी वस्तु का परित्याग करने की सूचक भाषा – जैसे “मै अनछना पानी छोड़ता हूँ” आदि बोलना। pratyakhyani bhasa- pronunciation or renunciation with instructions, language of determination.
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सहवर्ती – Sahavartee. Co-existing one. द्रव्य गुण सहवर्ती और पर्यायें क्रमवर्ती होती है। देखे – सहभूत ।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रदोषिकी क्रिया- आस्त्रव की एक क्रिया; क्रोध के आवेषा से अथवा दुश्ट मन-वचन-काय से होने वाली क्रिया। PradosikiKriya- Enraging activity; Faulty coduct of mind, speech & body
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विपल – Vipala. A type of time unit. काल का एक प्रमाण ” ६० प्रतिविपल = १ विपल “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्राणातिपात- प्राणासे प्राणियों का वियोग करना। अथवा मन, वचन, काय की हिंसापूर्ण प्रवृŸिा। Pranatipata- Killing, Violenceful activities
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विधिदान क्रिया – Vidhidana Kriya. A spiritual activity, appointment of deities by Indra to do their respective duties. गर्भान्वय की ५३ क्रियाओं में एक क्रिया ” इसमें इंद्र न्रमीभूत उत्तम देवों को अपने – अपने पद पर नियुक्त करता है “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भिन्न – Bhima. Fraction, Separate, Distinct, Different. प्रथक्, विभक्त , इतर “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्राकार – जिनगृह आदि की रक्षाके लिए पाश्र्व में बनायी गई भीतों (दीव्रालों) को प्राकार कहते है। प्राकार Prakara- Enclosing wall, Boundary
[[ श्रेणी:जैन_सूक्ति_भण्डार ]] [[ श्रेणी:शब्दकोष ]] == सद्गुण : == गृहगृह्यो हि सज्जन:। —आदिपुराण : १-३७ सज्जन सदा गुणों को ही ग्रहण करते हैं।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बलाकामरण- मरण का एक प्रकार; कृतिकर्म, ब्रत, धर्मध्यान, विनय आदि कार्यों से दूर भगने वाले मुनि का मरण इसे पलायमरण भी कहते है। Balakamarana- Death of a saint escaping from religious observances