विशुध्द परिणाम!
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विशुध्द परिणाम – Vishuddha Parinama. Passionfree pure results. निर्मल, पवित्र जीवन के परिणाम अर्थात् कषाय या संक्लेश परिणामों या भावों की मंदता “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] विशुध्द परिणाम – Vishuddha Parinama. Passionfree pure results. निर्मल, पवित्र जीवन के परिणाम अर्थात् कषाय या संक्लेश परिणामों या भावों की मंदता “
छन्दोबिंदु A prosody written by Nagvarm. नामवर्ग (ई. सन् ९९०) द्वारा रचित एक छंदशास्त्र ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
त्रिभुवनचूडामणि Two Siddhayatana summits of Bhadrashal forest. भद्रशाल वन में स्थित दो सिद्धायतन कूट। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शैलघन श्रोता – Shailaghana Shrotaa. A type of unwise or imprudent listener. 14 प्रकार के श्रोताओं में एक भेद; जिनके परिणाम हमेशा कठोर रहते हैं तथा जिनके ह्रदय में समझाये जाने पर भी जिनवाणी रो जल का प्रवेश नहीं होता “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] स्पंर्धक – Spardhaka. Group of aggregates of karmic molecules.वर्गणाओ के समूह को स्पंर्धक कहते है।
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भाव – मान – कषाय विवेक – Bhav –Man-Kasay vivek. Psychical wisdom. मन के द्वारा अभिमान को छोड़ना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शेषवत अनुमान – Sheshvata Anumaan. Right anticipation of something by only partial observation of it . एक अवयव को देखने पर भी शेष अनेक अवयवों सहित सम्पूर्ण वास्तु का ज्ञान होना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] स्थिर हृदय – Sthira Hydaya. Stable mind, name of a deity resident of ank summit of western kundalgiri.चित्त को निश्चल रखना अर्थात् आत्मस्थिरता या समता भाव, सामायिक।
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भाजित – Bhajita. Divided, Dividation. भाग देना, भागहार विधी में भाज्य राशि को भागहार द्वारा भाजित किया गाया कहते हैं “