ईश्वरकारणिक!
ईश्वरकारणिक One who holds that God is the creator of universe. ईश्वर को सृष्टि निर्माता मानने वाला।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
ईश्वरकारणिक One who holds that God is the creator of universe. ईश्वर को सृष्टि निर्माता मानने वाला।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रूपस्थ ध्यान – समवषरण में स्थित अरहंत भगवान का ध्यान करना। Rupastha Dhyana-Deeply engrossment in the form of lord Arihant
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पांडुकेय:A king of vidyadhara dynasty.विद्याधर वंश का एक राजा।
तुगवरक A mountain of Bharat kshetra in Arya khand (region). भरतक्षेत्र आर्य खण्ड का एक पर्वत। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
त्रिपर्व A type of knowledge of medicines. एक औषधी विद्या। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शरीर प्रणाम जीव – Sharera Sranaama Jeeva. Occupancy of soul-points according to the shape of the body. जीव का संकोच विस्तार स्वभाव होने के कारण कर्म के निमित्त से मिले छोटे-बड़े शरीर की अवगाहना का होकर रहना अर्थात् स्वदेहप्रमाण होना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पर व्यपदेश:A kind of infraction of the vow of hospitality indirect donation.अतिथि संविभाग व्रत का एक अतिचार, दाता पात्र को स्वयं दान न देकर दूसरे से कहकर चला जावे ।
दुर्भग नामकर्म प्रकृति A Karmic nature pertaining to unfortune (reg. awkward body). दुर्भाग्य से संबधित एक कर्म प्रकृति, जिसके उदय से बेडौल , कुरूप शरीर प्रापत होता है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] पर वात्सल्य:Affection for others.वात्सल्य का एक भेद, दूसरों के प्रति प्रेम, करूणा का भाव रखना ।