भोजन!
[[श्रेणी: शब्दकोष]] भोजन :Food items. क्षुधा निवृति के लिए खाने योग्य पदार्थ “
तद्भवस्थ केवली An omniscient (of the same birth in which he got omniscience). जिस पर्याय में केवलज्ञान प्राप्त हुआ उसी पर्याय में स्थित केवली । [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
गया Name of a place in Bihar state ( a place of pilgrimage). बिहार प्रांत में एक स्थान का नाम ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]] भोगभूमि:Land of worldly enjoyments. जहाँ कृषि आदि षट्कार्यो के बिना 10 प्रकार के कल्प वृक्षों से प्राप्त भोग-उपभोग की सामग्री के द्वारा मनुष्य तिर्यंच अपना जीवन सुखपूर्वक बिताते हैं “
तप-उद्योतन To make self enlightened and pure by penance. तप आराधना संयम भावना में तत्पर रहकर तपश्चरण निर्मल बनाना। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
गिरिकूटक Name of a high palace of Bharat Chakravarti. भरत चक्रवर्ती का एक बहुत ऊंचा राजमहल ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
गरिमा Excellence, A type of supernatural power of making miraculously heavy body. ऋद्धि; जिस ऋद्धि के प्रभाव से वज्र से भी गुरुतार अर्थात् भारी शरीर बनाया जा सके ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भद्र – Bhadra. Worthy, gentle person, A protecting deity of Nandishwar ocean. सरल, परिणामी, नंदीश्वर समुद्र का एक रक्षक देव “
तत्वानुशासन A book written by Acharya Samantabhadra. आचार्य समंतभद्र (ई.श.2) द्वारा रचित एक ग्रंथ, जो न्यायपूर्वक तत्वों का अनुशासन करता है। [[श्रेणी:शब्दकोष]]
गुणश्रेणी multiple progression top. सम्यक्त्व प्रकृति के अंतिम स्थितिकांडक की जब यक जघन्य स्थिति का अंतिम समय प्राप्त नहीं होता है वह स्थिति गुणश्रेणी शीर्ष कहलाती है ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]