निश्चय विनय!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निश्चय विनय – Nishchaya Vinaya. Reverence with supreme purity of soul. शुद्धात्मा के प्रति विनम्रता, लीनता एवं शुद्धि निश्चय विनय है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निश्चय विनय – Nishchaya Vinaya. Reverence with supreme purity of soul. शुद्धात्मा के प्रति विनम्रता, लीनता एवं शुद्धि निश्चय विनय है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] लब्धिसम्पन्न ऋशि – सम्यग्दर्षन प्राप्ति का एक निमित लब्धिसम्पन्न ऋशियो का दर्षन। Labdhisampanna Rsi-Super saints, visiting of whom is a cause of right faith
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शामकुंड – Shaamakunda. Name of a commentator of first 5 parts of ‘Shatkhand’. षटखण्ड आगम के 5 खण्डों पर पद्धति नामक टीका के रचयिता ” समय ई.श. 3 का उत्तरार्ध “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निश्चय निर्विचिकित्सा – Nishchaya Nirvichikitsaa. Tending towards knowing oneself or soul perfectly. मुनि अवस्था में समस्त राग-द्वेष आदि विकल्प रूप तरंगों का त्याग करके निर्मल आत्मानुभव लक्षण की निज शुद्धात्मा में स्थिति करना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सकलादेश – Sakalaadesha. Other name of Sayaggyan (right knowledge). प्रमाण अर्थात् सम्यग्ज्ञान को सकलादेश कहते हैं “
उपाय-उपेय भाव Goal with means . जो साधक रूप है वह उपाय है और जो सिद्धरूप है वह उपेय है।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
दीर्घतपस्वी One deeply involved in austerity. ऊंची (बड़ी) तपस्या करने वाला।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] लौकिक मूढ़ता–Laukika Mudhataa.: See- Loka Mudhataa. देखें –लोक मूढ़ता “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] योगत्याग क्रिया – गर्भान्वय की एक क्रिया।केवलीसमुद्धात करके मन वचन काय रूप योगो को अत्यन्त निरोध कर अत्यन्त निष्चल दषा को प्राप्त होना इसमंे मुनि विहार करना छोडकर यागो का निरोध करते है। Yogatyagakriya-An auspicious activity of renouncing vibration in the soul points (caused by mind Speech & body)
आहार Food or Karmic intake. भोजन-खाद्य, स्वाद्य लेह्य, पेय चार प्रकार का है। अथवा नोकर्म वर्गणा आहारक, भाषा व मनोवर्गणा का ग्रहण करना आहार है। इनको ग्रहन करने वाले आहारक कहलाते हैं।[[श्रेणी:शब्दकोष]]