शिरः कंप!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शिरः कंप – Shirah Kampa. Blood-veins or vessels. शरीर की नालिकाकार वाहिनी, धमनी, नाडी आदि “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शिरः कंप – Shirah Kampa. Blood-veins or vessels. शरीर की नालिकाकार वाहिनी, धमनी, नाडी आदि “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निषधकूट – Nishadhakoota. Name of a summit of ‘Nishadha’ and Sumeru mountain. निषध पर्वत का एक कूट तथा सुमेरु पर्वत के सौमनस व नन्दनवन में स्थित एक कूट “
[[श्रेणी :शब्दकोष]] यजुर्वेद–Yajurved. One of the four great and sacred vedic scriptures. वैदिक परम्परा के4 वेदों में एक वेद का नाम”
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शिक्षा – Shikshaa. Learning, education, better discrimination, rationality. हिताहित का विवेक ” शास्त्राध्ययन करना, यह शिक्षा शब्द का अर्थ है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निश्चय स्थितिकरण – Nishchaya Stithikarana. Absolute diversion towards spiritualism. काम, क्रोध, मद, लोभ आदि भावों के होने पर अपनी आत्मा को धर्म में स्थित करना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शास्त्र – Shaastra. Scriptures, Religious treatises. आगम ग्रंथ, जो परम्परा से सर्वज्ञ वीतराग आप्त का कहा हो एवं प्रत्यक्ष व परोक्ष प्रमाण से बाधा रहित हो “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निश्चय मोक्षमार्ग – Nishchaya Mokshamaarga. Absolute path of salvation . मुनियों में होने वाली निश्चय सम्यग्दर्शन, ज्ञान एवं चरित्ररूपी त्रिरत्न की एकता अर्थात शुक्लध्यान की अवस्था “
दानवीर Extremely charitable, A title, Philanthrophist. महान दानी व्यक्तियों की एक उपाधि, भामाशाह को यह उपाधि प्राप्त थी। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:जैन_सूक्ति_भण्डार ]] [[ श्रेणी:शब्दकोष ]] == कुपुत्र : == सयलजणनयणकडुयं नित्यामं तह पयायपरब्भट्ठं। नियतणयं धूमं पेच्छिऊण छारं गओ अग्गी।। —गाहारयणकोष : ८१० समस्त लोगों की आँखों को कडुवा लगने वाला, पुरुषार्थ रहित, प्रताप से भ्रष्ट अपने पुत्र धुएं को देखकर आग (लज्जा से) स्वयं जलकर राख बन गई है। (बड़े व्यक्ति भी अपने कुपुत्रों से…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शांर्ग – Shaanrga. Name of a bow of Lakshman (a Narayan), it is one of his 7 jewels. नारायण लक्ष्मण के धनुष का नाम, जो 7 रत्नों में एक रत्न था “