उच्चारण!
उच्चारण Pronounciation. कथन करना उद्घोषणा।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सहायक कारण – Sahaayaka Kaarana. A helping cause. एक कारण । जो स्वयं कार्यरूप परिणाम वह उपादान कारण है तथा उसमें सहयक होने वाले पर द्रव्य व गुण निमित्त सहायक कारण है। इसे बलाधान या उदासीन निमित्त भी कहते है।
उच्छ्वास निःश्वासप्राण Respiration. 10 प्राणों में एक प्राण शरीर नामकर्म के उदय से प्राप्त श्वासोच्छ्वास की प्रवृत्ति में कारणभूत शक्ति।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] पौराणिक राजवंश – Pauranika Rajavansha. Ancient dynasties like lkshvaku, Ugra, Kuru etc. इक्ष्वाकु वंश, उग्र्वंश, सुर्यवंश, कुंरुवंश, नाथवंश इत्यादि समस्त पौराणिक वंश कहलाते हैं “
आवली उदय Fruition of karmas in Avali ( a time unit). आवली काल में उदय आने वाले कर्म।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रध्वंसाभाव- 4 अभावों के भेदों में एक भेद; आगामी पर्याय में वर्तमान पर्याय का अभाव प्रध्वंसाभव है। जैसे-दही का घी में आभाव। pradhvamsabhava – a type of lacking, absence of present into future.
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रदेशघात- कर्मो का अपकर्शण या नश्ट होना। pradesaghata – destruction or karmas
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्ररुपणा- निरुपण; सत् संख्या, बंध, उदय आदि की अपेक्षा जीवों का विषेश कथन। Prarupana- Representation, Enunciation (related to living beings)
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमोक्षमार्ग- अर्हत, सिद्ध अवस्था की प्राप्ति का मार्ग है। मोक्ष-अर्हत अवस्था और प्रमाक्ष-सिद्ध अवस्था है। Pramoksamarga- Path leading to the bodiless state of salvation (as lord Siddha)
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रमादाचारित्र- प्रमाद सहित आचरण, असावधानी का काम। Pramadacaritra- Conduct of negligence, work done with lust