राई!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] राई – एक प्रकार का तिलहन। Rai-Mustard seed
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्राणातिपातिकी क्रिया- जीवों की इन्द्रिय आदि प्राणों का या एक दो आदि प्राणों का घात करना प्राणतिपातिकी क्रिया है। PranapatikiKriya- damaging any of the senses or vitalities of beings
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संयमलब्धि – Sanyamalabdhi. Attainment of restraints (after destruction of passions). क्षीण या अक्षीण अनंतानुबंधी कषायों का उदयाभावी क्षय होने पर तथा प्रत्याख्यानावरण कषायों का उदयाभावी क्षय या सदवस्था उपशम होने पर और संज्वलन तथा नोकषायों का उदय होने पर संयम लब्धि होती हैं “
जघन्य धर्मध्यान Religious observances of lowest kind. उत्तम, माध्यम , जघन्य में धर्मध्यान का तीसरा भेद . यह चौथे -पांचवे गुणस्थान में घटित होता है ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रागभाव- पूर्व पर्याय में वर्तमान पर्याय का जो अभाव है उसे प्रागभाव कहते है। जैसे- आटे मे रोटी का अभाव। Pragabhava- Prior non-existence of something
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भिन्न परिकर्माष्ठक – Bhinna Parikarmastaka. Different type of mathematical operations ap- plied over a fraction. अंश व हर का संकलन, व्यवकलन, गुणकार, भागहार, वर्ग, वर्गमूल, घन और घनमूल करना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बलाधानहेतु- शक्ति सम्पन्न कारण; सुख-दुख की उत्पत्ति में कर्म बलाधान हेतु है। Baladhanahetu- Karmas causes bliss & pain
[[श्रेणी:शब्दकोष]] राषि – अंक या संख्याएं ज्यातिश्चक्र की बारह राषियां। जो जन्मकुडली एवं पंचाग आदि से ज्ञात की जाती है। Rasi-Any number of quantity, the sign
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रूचकाभ – कुण्डलवर पर्वत का एक कूट। Rucakabha-name of a summit of Kundalvar Mountain