मोक्षसप्तमी व्रत!
[[श्रेणी :शब्दकोष]] मोक्षसप्तमी व्रत–Mokshasaptami Vrat. A famous fasting of Jains to be observed for 7 years. 7 वर्ष पर्यन्त प्रतिवर्ष श्रावण शु. 7(पार्श्वनाथभगवान् का मोक्षकल्याडक दिवस) को उपवास करना”
[[श्रेणी :शब्दकोष]] मोक्षसप्तमी व्रत–Mokshasaptami Vrat. A famous fasting of Jains to be observed for 7 years. 7 वर्ष पर्यन्त प्रतिवर्ष श्रावण शु. 7(पार्श्वनाथभगवान् का मोक्षकल्याडक दिवस) को उपवास करना”
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बाधा- इष्ट पदार्थो की उपलब्धि में अंतराय। Badha- Obstacle, Restriction, Difficulty
देववंदना Trikal (three times a day) Samayik (act of procedural adoration to Lord Arihant). त्रैकालिक सामायिक में विधिपूर्वक चैत्य व पंचगुरूभक्ति सहित वंदना करने को देववंदना कहते हैं । श्री वसुनंदि आचार्य की मुलाचार टीका के अनुसार , ‘‘सामाइय’’ नाम भवति। जीवितमरणलाभसंयोगविप्रयोग बन्ध्वरिसुखदुःखादिषु यदेतत्समत्वं समानपरिणामः त्रिकालदेववंदनाकरणं च तत्सामायिकं व्रतं भवति।’’ अर्थात् ‘‘ जीवन-मरण, लाभ –…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रूति – अभिरूचि, प्रेम, तत्वार्थ के विशय में तन्मयपना। Ruci-Interest, devotion, spiritual, Attachment
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रत्नद्वीप – राक्षसवंषी भानुरक्ष के दारा बसाया गया एक नगर। Ratnadvipa- Name of a city
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संगीत समयसार – Sangeeta Samayasaara. Name of a book written by Parshvadev on music. पार्श्वदेव द्वारा (ई.श. 12 अंतपाद) संगीत शास्त्र विषयक संस्कृत भाषाबद्ध रचना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रस्ताव- अभिमत, प्रमाण के फलरुप से जिसका ग्रहण किया जाता है ऐसा हेयोपादेय तŸव का निर्णय प्रस्ताव है। Prastava- proposal, suggestion
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रश्नव्याकरण- द्वादषांग श्रुतज्ञान का दसवां अंग; जिसमें युä अिैर नयों के द्वारा अनेक प्रष्नों का उत्तर दिया गया है। Prasnavyakarana- A type of scriptural knowledge pertaining to answering the question
[[श्रेणी:शब्दकोष]] युक्त्यानुषासत – आचार्य समन्तभद्र कृत सस्कृत में 64 ष्लोक ष्लोक प्रमाण स्तोत्र। Yuktyanusasana- name of a book written by acharya samantbhadraji