गुणरत्नाचार्य!
गुणरत्नाचार्य Name of an Acharya saint. आचार्य ;षट्दर्शन समुच्चय टीका के कर्ता ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
गुणरत्नाचार्य Name of an Acharya saint. आचार्य ;षट्दर्शन समुच्चय टीका के कर्ता ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शुभकर्म – Shubha Karma. Auspicious or virtuous Karmas or activities. पुण्य लाने वाले कार्य, पुण्य फल देने वाले साता वेदनीय आदि कर्म “
चंडवेग Name of a ‘Vibhuti’ dominion of Bharat Chakravarti (emperor) भरत चक्रवर्ती की एक विभूति ‘दण्ड रत्न’ का नाम ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सुरमन्यु Suramanyu. One of the particular seven saints, ‘Saptrishi’ (Sapta Rsi) सप्त ऋषियो में एक । (देखे सप्तऋषि)
गोमती A river of Bharat Kshetra in east Arya Khand (region). भरत क्षेत्र पूर्वी आर्यखण्ड की एक नदी ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
चतुर्विंशति पूजाविधान Name of a text of worship. चौबीसी पूजा विधान की एक किताब ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] समय (आगम) – Samaya (Aagama). Literature describing right knowledge of all matters (Jiva, Ajiva etc). जिसके जीव अजीव आदि पदार्थों का भले प्रकार से ज्ञान हो या जिसमे जीव आदि पदार्थों का ठीक-ठीक वर्णन हो ऐसा आगम या सिद्वांत समय है।
गूढ़ क्षुल्लक Perfect loin-clothed Jaina saints (junior in rank). क्षुल्लक के तीन पदों में से एक पद ; जिन्होंने व्रतों क् पालन करने का पूर्ण अभ्यास कर लिया है वे साहसपूर्वक व्रतों को ग्रहण कर केटे हैं ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
चतुश्र्चारित्रसिद्ध Those who have got salvation because of four super conducts. भूतप्रज्ञापन नय की अपेक्षा ४ चारित्र से सिद्ध होने वाले जीव ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]