लाट!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] लाट – गुजरात के प्राचीन काल मे तीन भाग थे। उसमें से गुजरात का मध्य व दक्षिण भाग लाट कहलाता था। Lata-South and middle part of Gujrat state (of ancient time)
[[श्रेणी:शब्दकोष]] लाट – गुजरात के प्राचीन काल मे तीन भाग थे। उसमें से गुजरात का मध्य व दक्षिण भाग लाट कहलाता था। Lata-South and middle part of Gujrat state (of ancient time)
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रभासद्वीप- लवणेद व कालोद सागर में स्थित द्वीप। Prabhasadvipa- An island situated in LAvanod and Kalod oceans
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निदान-भोगों की तृष्णा से पीडित होकर रातदिन आगामी भोगों को प्राप्त करने की ही चिन्ता करते रहना निदानज नामक आर्त्तध्यान है”
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रत्यास-जां समीप में रहा जाता है वह प्रत्यास कहा जाता है। pratyasa – the nearest place
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रामाण्य- प्रामाणिकता; प्रमाण का कर्म प्रमाण्य कहलाता है वह पदार्थ के निष्चय करने रुप लक्षण वाला होता है। Pramanya- Authenticity, authority
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्राभृत- जो प्रकृश्ट अर्थात् तीर्थकर के द्वारा आमृत अर्थात् प्रस्थापित किया गया है वह प्राभृत है। समय प्राभृत या षट् प्राभृत आदि नाम के ग्रंथ। श्रुतज्ञान के 20 भेदों में 15 वाँ भेद; यह ज्ञान प्राभृत-प्राभृत समास में एक अक्षररुप श्रुतज्ञान की वृद्धि होने से होता है। Prabhrta- A type of Scriptural Knowledge (shrutgyan)
आहार वर्गणा Physique making Karmic nature causing complete formation of the body. देखें-आहारक वर्गणा।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
ऊर्ध्व रेणु A length unit, 8 Sannasannas. लम्बाई का एक प्रमाण आठ सन्नासन्न।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्राणायाम- ष्वास को अंदर खीचना कुम्भक, रोक कर रखना पूरक एवं धीरे-धीरे बाहर छोड़ना रेचक है, यें तीनो मिलकर प्राणायााम कहलाते हैं। Pranayma- Yoging respiratory control, meditation