शिला!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शिला – Shilaa. The third land of hell, A rock, a cliff. नरक की तृतीय पृथवी, पाषाण, पत्थर, चट्टान “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शिला – Shilaa. The third land of hell, A rock, a cliff. नरक की तृतीय पृथवी, पाषाण, पत्थर, चट्टान “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निषध पर्वत – Nishadha Parvata. Name of a mountain situated in Jambudvip (an island). जम्बूद्वीप के 6 कुलाचलों में तीसरा पर्वत “
चन्द्रदेव Son of Jarasandh, A type of stellar deities. जरासंध का पुत्र, ज्योतिश्का देवों के ५ भेदों में से एक भेद ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शिक्षागुरु – Shikshaaguru. Teacher, spiritual teacher, religious preceptor-saints. व्यवहारिक शिक्षा प्रदान करने वाले गुरु-इन्हें विद्यागुरु भी कहते हैं ” आगम ग्रंथों का अध्ययन कराने वाले ” निर्यापकाचार्य जो संयम (देश या सकल) के छेड़ की शुद्धि के लिए प्रायश्चित देकर संवेग व वैराग्य जनक परमागम के वचनों द्वारा साधू का संवरण करते हैं ”…
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निश्चय हिंसक – Nishchaya Hinsaka. One who has not given up attachment, malice etc. जो प्रमाद व राग द्वेष आदि से सहित है “
गृहपति The chief person of the house, A Jewel of Chakravarti (emperor). घर का प्रबंधक , चक्रवर्ती का एक सजीव रत्न।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शास्त्र तात्पर्य – Shaastra Taatparya. Scriptural meanings. सूत्र के दो भेदों में एक भेद; परमार्थ से साक्षात मोक्ष के कारणभूत वीतरागपना या भेद ज्ञान ही शास्त्र तात्पर्य है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निश्चय रत्नत्रय – Nishchaya Ratnatraya. To be engrossed completely into the soul with right faith, knowledge & conduct. आत्मा का श्रद्धान, आत्मा का ज्ञान और आत्मा में ही लीन होना “
गुणश्रेणी Multiple progression. गुणकार रूप जहाँ कर्म के निषेकों में श्रेणीरूप क्रम से कर्म द्रव्य दिया जाए।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शाकल्य – Shakalya. A doctrine of ignorance, An ignorent one. अज्ञानवाद के 67 भेदों में एक भेद या एक अज्ञानवादी “