निष्कंप!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निष्कंप – Nishkampa. Name of a king of Yadu dynasty. यदु वंश का एक राजा” समुद्रविजय के भाई विजय का पुत्र “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निष्कंप – Nishkampa. Name of a king of Yadu dynasty. यदु वंश का एक राजा” समुद्रविजय के भाई विजय का पुत्र “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] योगवक्रता – मन वचन काय की कुटिलता। Yogavakrata-Crookedness in activities of mind, speech & body
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शिथिल – Shithila. Slack, Relaxes, Loosened, Inactive one. ढीला, सुस्त, द्रव्यलिंगी साधु; आहारादि सुखों में तल्लीन होकर जो मुनि रत्नमय में अपनी प्रवृति शिथिल या ढीली करता है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निषद्या क्रिया – Nishadyaa kriyaa. Auspicious ceremony related to the seating of newly born baby with worshipping the Lord. गर्भान्वयक्रिया का 9 वां संस्कार; इस क्रिया में सिद्ध भगवान की पूजा विधिपूर्वक करके किसी शुद्ध आसन पर बालक को बैठना सिखाया जाता है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] योगमुद्रा – पल्संकासन, पर्यकासन और वीरासन इन तीनो मे से किसी भी आसन के साथ, बाए हाथ की हथेली पर दाए हाथ की हथेली रखकर ध्यानावस्था में बैठना। Yogamudra-A cross legged posture of meditation
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निश्चय समिति – Nishchaya Samiti. Absolute behaviour. अपने स्वरुप में सम्यक् प्रकार से गमन अथवा परिणमन करना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रूक्षस्पर्ष नामकर्म – जिस कर्म के उदय से षरीर रूखा हो। Ruksasparsa Namakarma-A type of karma causing dry skin in body
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शाश्वत सुख – Shashvata Sukha. Supreme or enternal bliss. अनंत सुख ” अर्थात सूक्ष्म लोभ का नाश होने से जो सूक्ष्म परिणाम शेष रह जाते हैं वह सूक्ष्म चरित्र है वह शाश्वत सुख का स्थान है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] निश्चय प्रोषधोपवास – Nishchaya Proshadhopavaasa. Engrossment into self with renouncing all kinds of food taking. मुनि अवस्था में चतुर्विध आहार छोड़कर आत्मा के ध्यान में निमग्नहोना “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रामा – पुश्पदंतनाथ भगवान की माता का नाम Rama-Mother’s name of Tirthankar (Jaina Lord) Pushpadantnath