चारूपद्म!
चारूपद्म A king of Kuru dynasty. कुरुवंश का एक राजा ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सयोगकेवली – Sayogakevalee. An omniscient possessing physical presence. सशरीरी परमात्मा। 13 वें गुणस्थान मे अरहंत परमात्मा जो अनंत चतुष्टय सहित परमौदारिक देह सहित है, जिनका उपदेष व विहार होता है।
धारणी A city in the north of Vijayardh mountain. विजयार्ध की उत्तर श्रेणी का एक नगर। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
चामत्कारिक Astonishing, Amazing, Surprising. आश्र्चर्य या अतिशयकारी ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] स्पृष्ठता – Spastataa. Clearness, Unambiguity, Obviousness.निर्मलता, विशदता, स्पष्टता एकार्थवाची है।
धवल (कवि) A poet, the writer of ‘Harivanshpuran’. अपभ्रंश भाषाबद्ध हरिवंश पुराण के कर्ता। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
चंदानुशासन Name of a book (reg. prosody). छंद शिक्षा विषयक एक ग्रन्थ का नाम ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] स्पर्षन क्रिया – Sparssana Kriyaa. Touching activity, tangibility.समप्रायिक आस्रव की 25 क्रियाओ मे कर्मबंध की कारणभूत एक क्रिया। अत्यधिक प्रमादी होकर स्पर्श योग्य पदार्थ का बार बार चिंतन करना अथवा प्रमाद से आलिंगन करने की भावना स्पर्शन क्रिया है।
धर्माकार दत्त Another name of poet Archat. अर्चट कवि का अपर नाम। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[ श्रेणी:जैन_सूक्ति_भण्डार ]] [[ श्रेणी:शब्दकोष ]] == मांसाहार : == मांसाशनेन वर्धते दर्प: दर्पेण मद्यम् अभिलषति। द्युतम् अपि रमते तत: तद् अपि र्विणतान् प्राप्तनोति दोषान्।। —समणसुत्त : ३०४ मांसाहार से दर्प बढ़ता है। दर्प से मद्यपान की इच्छा जागती है। इससे जुआ खेलने में भी मन रमता है। अत: अकेले मांसाहार के दोष से यहां…