तुल्य बल विरोध!
तुल्य बल विरोध Having opposition equally. विरोध का एक प्रकार, ज्ञान को मान लेने पर सब पदार्थें का शून्यपना नहीं बन पाता है और सबका शून्यपना मान लेने पर स्वसंवेदन की सत्ता नहीं ठहरती है यह तुल्य बल विरोध है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
तुल्य बल विरोध Having opposition equally. विरोध का एक प्रकार, ज्ञान को मान लेने पर सब पदार्थें का शून्यपना नहीं बन पाता है और सबका शून्यपना मान लेने पर स्वसंवेदन की सत्ता नहीं ठहरती है यह तुल्य बल विरोध है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
त्रिपंचाशत Fifty three,a number (53 auspicious activities of householders). त्रेपन, 53 (गर्भान्वय की 53 क्रियाएँ आदि)। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भावलिंग (साधु) – Bhavalinga (Sadhu). An absolute saint with perfect conduct. साधु का जैसा बाहर चारित्र है वैसा ही भाव होना ” प्रमत्त- अप्रमत्त गुणस्थान सम्बन्धी भाव होना ही भावलिंग है “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शरीर निर्माण क्रम – Shareera Nirmaana Krama. Sequential development of complete body formation. माता के गर्भ में जीव के अंग-उपांग के सम्पूर्ण विकास का क्रम, यह प्रायः 9 माह में पूर्ण होता है “
तिर्यक्प्रचय Three dimensional extension. प्रदेशों का समूह।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
तिमिंगिल A colossal fish (largest whale). एक सम्मूर्छन महामत्स्य का नाम, जिसकी अवगाहना 1000 योजन की है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
दारू A typt of wine, A king of Yadu dynasty.शराब, यदु (यादव) वंश का एक राजा। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
तिक्तरस नामकर्म Karmic nature causing pungent flavour in body. जिसके उदय से शरीर में तीखा रस हो। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
ताम्रचूल Name of a peripatetic deity. भूतरमण वन का भूत जातित का एक व्यंतर। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]