त्रिजट!
त्रिजट A king of Vidyadhar dynasty. राक्षस वंश का एक राजा, रावण का पक्षधर का विद्याधर । [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
त्रिजट A king of Vidyadhar dynasty. राक्षस वंश का एक राजा, रावण का पक्षधर का विद्याधर । [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी: शब्दकोष]]हतसमुत्पत्तिक – Hatasamutpattika. The karmic places originated after the destruction of the relative karmas. कर्मों का द्यात जाने पर जिन सत्यकर्म अर्थात् सत्ता मे विद्यमान कर्म की उत्पत्ति होती है, उन्हे हतसमुत्पत्तिक कहते है।
[[श्रेणी: शब्दकोष]] परपाखण्ड कथा:Tale pertaining to hypocrisy.पाखण्ड से संबंधित कथा।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] रत्न – हीरा, मोती आदि मणियों, चक्रवर्ती के यहां स्वयंमेव प्रकठ होने वाली उसके भोगोभोग की सामग्री, ये सात सजीव व 7 अजीव कुल 14 वस्तुएं होती है, इन्हें 14 रत्न भी कहा जाता है, रूचक पर्वत पर स्थित एक कूट Ratna- Jewels , 14 particular splendorous (of chakrvarti etc.) Name of a summit…
[[श्रेणी: शब्दकोष]]स्वेच्छारी – Svecchaacaarii. One free from any restraints, willful, wayward. अपनी इच्छा से आचरण करने वाला।
[[श्रेणी: शब्दकोष]] परजुगुप्सा कथा:Contemptuous talk.दूसरों के प्रति ग्लानि व अरूचि उत्पन्न कराने वाली कथा ।
[[श्रेणी:शब्दकोष]] यान – नाना प्रकार के भाण्डो से आपूरित होकर भी समुद्र में गमन करने में समर्थ जो जहाज होते है वे यान कहलाते है देवो का एक वाहन। Yana-Ship, Aircraft, A kind of conveyance of deities
[[श्रेणी: शब्दकोष]]स्वाभाविक आनंद – Svaabhaavika Aanamda. Supreme natural bliss, supreme pleasure. निश्चत मोक्षमार्ग के अनेक नामो मे एक नाम, समस्त विकल्पो से रहित परम समाधि से उत्पन्न होने वाला सुख।
[[श्रेणी :शब्दकोष]] यशस्विनी–Yashasvini. Name of a female divinity of Ruchak mountain. रुचक पर्वत निवासिनी दिक्कुमारी देवी”