मृगशीर्ष!
[[श्रेणी :शब्दकोष]] मृगशीर्ष–Mragshiirsh. Name of a lunar. एक नक्षत्र का नाम”
[[श्रेणी:शब्दकोष]] समुत्पत्तिक कषाय – Samutpattika Kashaaya. Something passion generating. जो जीव से भिन्न होकर कषाय को उत्पन्न करता है वह समुत्पत्ति कषाय है।
धनपाल A type of peripatetic celestials, Name of the writer of ‘Bhavishyadatta Charitra’. यक्ष जाति के व्यंतर देवों के 12 भेदों में नवां भेद, ‘ भविष्यदत्त चरित्र’ प्राकृत के कर्ता।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
चित्रक A painter, an artist, Name of the summit situated in the forest of Sumeru, Name of an Ayurvedic medicine. चित्रकार , सुमेरू के वनों में स्थित कूट का नाम , एक आयुर्वेदिक औषधि ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भरतकूट – Bharatakuta. Name of summits of Vijayardh & Himvan moun- tains. विजयार्ध पर्वत की उत्तर व दक्षिण श्रेणियों पर स्थित कूट एंव हिमवान् पर्वत पर स्थित एक कूट “
चारूदत्त A king of Yadu dynasty, Name of the chief disciple of Lord Sambhavanath. यदु वंश का एक राजा , संभवनाथ भगवान के मुख्या गणधर जा नाम जिन्हें ‘चारुषेण’ (चारुसेन) भी कहा जाता है ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भुजंगदेव – Bhujangadeva. A type of peripatetic deities living at some up – per distance from the earth. महोरग जाति के व्यंतरों का एक भेद, लवण समुद्र के ऊपर आकाश में स्थित भुजंग नामक देवों की २८ हजार नगरियाँ हैं “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] शून्यवाद – Shunyavaada. A Bauddha philosophy believing zero as the supreme element. बौद्धदर्शन, जो सभी तत्व शून्य के गर्भ में विलीन हो जाते हैं एवं शून्य ही एक मात्र परम तत्व है, ऐसा मानता है “
द्वीपायन A king of Kuru dynasty, by whose passionate anger Dwarika was burnt when he was in Muni stage. कुरूवंश के एक राजा , जो आगे चलकर एक मुनि हुए जिनके क्रोध से द्वारिका भस्म हुई। इनका अपरनाम – द्वैपायन मुनि भी है। विशेष कथा हरिवंशपुराण एंव पाण्डवपुराण में देखें ।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]