द्रव्यांश!
द्रव्यांश Parts of a matter. द्रव्य का एक भाग उत्पाद व्यय घ्रौव्य रूप परिवर्तन पूरे द्रव्य में होता है किसी एक अंश में नहीं।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
द्रव्यांश Parts of a matter. द्रव्य का एक भाग उत्पाद व्यय घ्रौव्य रूप परिवर्तन पूरे द्रव्य में होता है किसी एक अंश में नहीं।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सहायक कारण – Sahaayaka Kaarana. A helping cause. एक कारण । जो स्वयं कार्यरूप परिणाम वह उपादान कारण है तथा उसमें सहयक होने वाले पर द्रव्य व गुण निमित्त सहायक कारण है। इसे बलाधान या उदासीन निमित्त भी कहते है।
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भाष्य सूक्ति – Bhasya Sukti. Name of a treatise written by jagadish Bhattacharya. वैशेषिक दर्शन सूत्र पर लिखी जगदीश भट्टाचार्य कृत एक व्रत्ति का नाम “
[[श्रेणी : शब्दकोष]] पौराणिक राजवंश – Pauranika Rajavansha. Ancient dynasties like lkshvaku, Ugra, Kuru etc. इक्ष्वाकु वंश, उग्र्वंश, सुर्यवंश, कुंरुवंश, नाथवंश इत्यादि समस्त पौराणिक वंश कहलाते हैं “
[[श्रेणी :शब्दकोष]] यज्ञगुप्त –Yagyagupta. Name of the 49th chief disciple of Lord Rishabhdev. तीर्थंकर ऋषभदेव के 49वें गणधर का नाम”
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रध्वंसाभाव- 4 अभावों के भेदों में एक भेद; आगामी पर्याय में वर्तमान पर्याय का अभाव प्रध्वंसाभव है। जैसे-दही का घी में आभाव। pradhvamsabhava – a type of lacking, absence of present into future.
द्रव्य बंध Physical binding, Physical bondage. योग और कषायों के निमित्त से कर्म वर्गणाओं का आत्मा के प्रदेशों के साथ परस्पर मिल जाना। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्रदेशघात- कर्मो का अपकर्शण या नश्ट होना। pradesaghata – destruction or karmas
द्रव्य निग्रन्थ Physically naked, with material detachment. जो समस्त बाह्म परिग्रहों से निर्लिप्त है। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्ररुपणा- निरुपण; सत् संख्या, बंध, उदय आदि की अपेक्षा जीवों का विषेश कथन। Prarupana- Representation, Enunciation (related to living beings)