प्राणातिपात!
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्राणातिपात- प्राणासे प्राणियों का वियोग करना। अथवा मन, वचन, काय की हिंसापूर्ण प्रवृŸिा। Pranatipata- Killing, Violenceful activities
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्राणातिपात- प्राणासे प्राणियों का वियोग करना। अथवा मन, वचन, काय की हिंसापूर्ण प्रवृŸिा। Pranatipata- Killing, Violenceful activities
[[श्रेणी : शब्दकोष]] भिन्न – Bhima. Fraction, Separate, Distinct, Different. प्रथक्, विभक्त , इतर “
[[श्रेणी:शब्दकोष]] प्राकार – जिनगृह आदि की रक्षाके लिए पाश्र्व में बनायी गई भीतों (दीव्रालों) को प्राकार कहते है। प्राकार Prakara- Enclosing wall, Boundary
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बलाकामरण- मरण का एक प्रकार; कृतिकर्म, ब्रत, धर्मध्यान, विनय आदि कार्यों से दूर भगने वाले मुनि का मरण इसे पलायमरण भी कहते है। Balakamarana- Death of a saint escaping from religious observances
आहार्य विपर्यय Assimilated molecules of Karmas. दूसरे के गलत उपदेश से विपरीत शास्त्रज्ञान का ग्रहण।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] बारह तप व्रत- शुक्ल पक्ष में विशेष वििध के साथ किया जाने वाला उपवास। ये 144 दिन में पूर्ध किया जाता है। इसकी विशेष वििध व्रत विधान संग्रह के पृ. 115 पर एवं किशनसिंह क्रियाकोश में देखें। Baraha tapa Vrata- A particular type of vow (fasting)
उत्करण काल Destructional or reducing period of Karmic powers. काण्डउक कर्मों की स्थिति, बंध, अनुभाग सत्वर घटाने का काल।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
उच्छ्रेणी Vertical line (of development). विकास वृद्धि रेखा।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
उच्चस्थान Requesting for occupying high seat to a saint for taking food (one of the Navdha Bhakti). नवधा भक्ति में द्वितीय भक्ति, इसमें पात्र को पड़गाहना के पश्चात् उच्चस्थान पर बैठने के लिये निवेदन किया जाता है। [[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] संघ – Sangha. The group of Jaina saints. रत्नत्रय से युक्त श्रमणों का समुदाय ” ऋषि, मुनि, यति और अनगार के समुदाय का नाम संघ है “