जैन वाङ्गमय में संगीत!
जैन वाङ्गमय में संगीत संगीत एक ऐसी कला है, जो साधना के बल पर प्राप्त की जाती है । वस्तुत: संगीत- भक्त के हृदय की भक्ति को प्रगट करने का एक सफल माध्यम है । संगीत एक ईश्वरीय नियामत है । स्वर-साधना से एक संगीतज्ञ प्रभु की उपासना करता हुआ एक आध्यात्मिक पुरुष के समान…