प्राचीन ग्रंथों के आलोक में वर्तमान कर-व्यवस्था डॅा अरूणिमारानी!
प्राचीन ग्रंथों के आलोक में वर्तमान कर-व्यवस्था वैदिक अर्थव्यवस्था का मूलमंत्र है- प्रजारंजन, रक्षण और संवर्द्धन । ऋग्वेद में कर-र्सग्रह के लिए निर्देश है- ‘ जो राजा सूर्य और मेघ के स्वभाव वाला होकर आठ मास प्रजाओं से कर लेता है और चार मास यथेष्ट पदार्थो को देता है, इस प्रकार सब प्रजाओं का रंजन…