द्वेष!
द्वेष Aversion, Antipathy, Hatred. अप्रीति या वैरभाव होना। क्रोध, मान, अरति, शोक, जुगुप्सा, भय ये सभी द्वेष के ही रूप हैं। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
द्वेष Aversion, Antipathy, Hatred. अप्रीति या वैरभाव होना। क्रोध, मान, अरति, शोक, जुगुप्सा, भय ये सभी द्वेष के ही रूप हैं। [[श्रेणी: शब्दकोष ]]
द्धिपर्वा A super knowledge of medicine. एक औषध विद्या, दिति-अदिति द्वारा नमि और विनमि विद्याधरों को दी हुई 16 निकायों की विद्याओं में एक विद्या।[[श्रेणी: शब्दकोष ]]
[[श्रेणी : शब्दकोष]] पृथिवि – Prthivi. Sand, pebbles & stone, dust etc. inanimates are called as Prithivi. मार्ग में पड़ी धूलि, रत्न,पत्थर, कंकड़ आदि पृथिवि कहलाते हैं , जो अचेतन होते हैं “
घातांक Indices or Power (of a number). किसी गणितीय संख्या की घात का अंक ।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] सुलोचना – Sulochanaa. Name of the chief Aryika (Ganini) in the Samavsharan(assembly) of Lord Parshvanath, The daughter of king akampan. भगवान पार्श्वनाथ के समवसरण की मुख्य आर्यिका (गणिनी) । अपरनाम सुलोका । राजा अकम्पन की पुत्री, स्वयंवर में भरत चक्रवर्ती के सेनापति जयकुमार ने इसका वरण किया था ।
उदयदेव Name of an Acharya. वादीभसिंह की उपाधि से अलंकृत एक दगिम्बर आचार्य (ई.770-860)।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
चारित्र लब्धि Attainment of right conduct. यह व्रत १३ प्रकार के चारित्र की लब्धि के लिए किया जाता है . अहिंसा महाव्रत के १४ व, सत्य के ८ , अचौर्य के ८ , भाह्म्चार्य के २० , परिग्रह्त्याग के २४ , र५आत्रिभोजन त्याग का १ , ईर्यासमिति का १ , भाषा समिति के १० ,…
[[श्रेणी: शब्दकोष]] मध्यम संख्यात- Madhyam Sankhayata. A mathematical term. एक गणितीय पद ” तीन, चार, पांच आदि एक कम उत्कृष्ट संख्यातपय्रत मध्यम संख्यात के भेद हैं “
घनोदधि Circle of humid atmosphere. लोक को वेष्टित करने वाले तीन वातवलयों में प्रथम वलय।[[श्रेणी:शब्दकोष]]
[[श्रेणी:शब्दकोष]] समधी – Samadhee. Father of a son or daughter-in-law, the relationship between two persons. वर-वधू के पिता आपस मे एक दूसरे के समधी कहे जाते है। इस शब्द का अर्थ समान बुद्वि वाले होने के कारण दोनो पक्षों मे आपसी ऊॅच-नीच का भाव नही होना चाहिए।